एनसीपी के सबसे बड़े मुस्लि’म नेता ने शिवसेना को समर्थन देने को लेकर दिया बयान..

November 3, 2019 by No Comments

मुंबई: महाराष्ट्र की सियासत में चार दल मज़बूत माने जाते हैं-भाजपा, शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी. भाजपा और शिवसेना सहयोगी हैं और कांग्रेस तथा एनसीपी भी सहयोगी हैं लेकिन भाजपा और शिवसेना में अक्सर विवाद रहता है. पिछले दिनों विवाद बढ़ गया है. हिंदुत्व के नाम पर एक होने की बात करने वाले शिवसेना और भाजपा के नेता सत्ता के बँटवारे में एक दूसरे से उलझते रहते हैं लेकिन आख़िर में मिल जाते हैं. शिवसेना के बारे में भाजपा के नेता कहते हैं कि चाहे जितना बिगड़े शिवसेना हमसे गठबंधन तोड़ नहीं सकती.

इस बार लेकिन जिस तरह का स्टैंड शिवसेना ने लिया है भाजपा नेताओं की समझ में नहीं आ रहा है कि इस बार आख़िर क्यूँ नहीं शिवसेना मान रही है. एनसीपी और कांग्रेस भी ये मानते रहे हैं कि शिवसेना कभी बड़ा क़दम नहीं उठा पाती लेकिन अब एनसीपी और कांग्रेस के नेताओं में ये बात चल रही है कि जल्द ही शिवसेना और भाजपा का गठबंधन टूट जाएगा. इस बीच एनसीपी के बड़े नेता का बयान आया है.

एनसीपी प्रवक्ता नवाब मालिक ने कहा कि अगर शिवसेना बीजेपी के बगैर ‘लोगों की सरकार बनाने को तैयार है, जिसकी छत्रपति शिवाजी महाराज ने कल्पना की थी, तो वह सकारात्मक रुख अपनाएगी…’ राकांपा के मुख्य प्रवक्ता नवाब मलिक ने कहा कि अगर उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली पार्टी लोगों के हित में कोई फैसला लेती है तो विकल्प उपलब्ध हो सकते हैं. राकांपा के मुख्य प्रवक्ता नवाब मलिक ने एक के बाद एक कई ट्वीट किये और कहा कि ‘सरकार गठन की पहल शिवसेना की तरफ से होनी चाहिए.’

उन्होंने बीजेपी नेता सुधीर मुनगंटीवार के बयान की भी आलोचना की. उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन थोपने का सवाल ही नहीं होता. मलिक ने कहा, ”हम राष्ट्रपति शासन के माध्यम से लोकतंत्र का गला नहीं घोंटने देंगे. हम एक वैकल्पिक सरकार देने के लिए तैयार हैं. शिवसेना और अन्य दलों को अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए.”