इस चुनाव में एक ही झ’टके में जीते सभी विधायक, पार्टी में हुआ था..

June 14, 2020 by No Comments

झारखंड इलेक्शन वॉच और एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) के एक सर्वेक्षण में यह खु’ला’सा हुआ है कि झारखंड विधानसभा के चुनाव में सभी विधायक निर्धारित खर्च सीमा को छुए बगैर ही मामूली खर्च में चुनाव जीत गए हैं। सर्वेक्षण के अनुसार झारखंड विधानसभा चुनाव 2019 में 81 विधायकों में से, 33 (41%) विधायकों ने अपने निर्वाचन क्षेत्र में व्यय सीमा के 50% से कम के चुनाव खर्च की घोषणा की है।

81 विधायकों के चुनाव खर्च घोषणाओं के आधार पर, चुनाव में उनके द्वारा खर्च की गई धनराशि की औसत राशि 14.64 लाख रुपये है, जो व्यय सीमा का 52% है। पार्टी वार औसत चुनावी खर्च दर्शाता है कि झामुमो के 30 विधायकों का औसत खर्च 12.89 लाख रुपये (व्यय सीमा का 46.1%) है। भाजपा के 25 विधायकों के लिए, औसत चुनावी खर्च 16.63 लाख रुपये (व्यय सीमा का 59.4%) है।

INC से 16 विधायकों के लिए औसत चुनावी खर्च 14.08 लाख रुपये (व्यय सीमा का 50.3%) है। जेवीएम (पी) के तीन विधायकों का औसत चुनावी खर्च 14.83 लाख रुपये (व्यय सीमा का 53%) है। इसके अलावा दो निर्दलीय विधायकों ने व्यय सीमा का 52.5% 14.69 लाख रुपये खर्च किया है।

झारखंड इलेक्शन वॉच और एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स ने नव निर्वाचित विधायकों द्वारा झारखंड विधानसभा चुनाव 2019 के बाद प्रस्तुत सभी 81 चुनावी व्यय विवरणों के विश्लेषण के आधार पर यह जानकारी हासिल की है। जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 78 के अनुसार, चुनाव लड़ने वाले प्रत्येक उम्मीदवार को चुनाव के परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिनों के भीतर सभी राज्यों और संघों में जिला चुनाव अधिकारी को अपने चुनाव खर्चों की एक प्रमाणित कापी प्रस्तुत करनी होती है।

झारखंड विधानसभा चुनाव के दौरान विधायकों के लिए खर्च की सीमा 28 लाख रुपये थी। इन चुनाव व्यय दस्तावेजों में सार्वजनिक बैठकों और जु’लू’सों पर खर्चों का विवरण, इलेक्ट्रॉनिक और प्रिंट मीडिया के माध्यम से प्रचार करना, अभियान कार्यकर्ताओं पर खर्च, उपयोग किए गए वाहनों पर खर्च और अभियान सामग्रियों पर खर्च शामिल हैं।

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